तेंदुए की खाल के साथ पटवारी गिरफ्तार, शहडोल वन विभाग की बड़ी कार्रवाई से वन्यजीव तस्करी नेटवर्क बेनकाब

शहडोल।वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में शहडोल वन विभाग ने एक अहम सफलता हासिल करते हुए तेंदुए की खाल के साथ एक पटवारी समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई जैतपुर वन परिक्षेत्र अंतर्गत दर्ज वन्यप्राणी शिकार के एक पुराने प्रकरण से जुड़ी हुई है, जिसमें अब तक कुल 11 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
वन विभाग द्वारा मंगलवार देर शाम जारी प्रेस नोट में इस पूरे मामले का खुलासा किया गया। डीएफओ दक्षिण शहडोल श्रद्धा पंद्रे ने बताया कि 27 अक्टूबर को जैतपुर वन परिक्षेत्र में पेंग्युलिन शिकार के मामले में कार्रवाई करते हुए 11 आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। पूछताछ के दौरान कुछ फरार आरोपियों के नाम सामने आए, जिनकी तलाश के लिए वन विभाग की विशेष टीम को जिला सिवनी रवाना किया गया।
वन विभाग की टीम ने ग्राम देवघाट (मझगवां), जिला सिवनी में दबिश देकर दो संदिग्धों को पकड़ा। तलाशी के दौरान रीझन लाल मरकाम (54 वर्ष) निवासी ग्राम खांपा, थाना कोयलारी, जिला सिवनी के पास से एक बैग में तेंदुए की खाल बरामद की गई। आरोपी वर्तमान में हल्का बगलई, जिला सिवनी में पटवारी के पद पर पदस्थ बताया गया है।
इसी कार्रवाई के दौरान दूसरे आरोपी रमाकांत दुबे (35 वर्ष) निवासी संजीवनी नगर, गढ़ जबलपुर को भी गिरफ्तार किया गया है। दोनों आरोपियों के कब्जे से जब्त की गई सामग्री को सुरक्षार्थ वन विभाग परिसर में सुरक्षित रखवाया गया है।
वन विभाग के अनुसार, दोनों आरोपियों के विरुद्ध वन्यप्राणी संरक्षण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। फिलहाल आरोपियों से पूछताछ जारी है। अब तक आरोपियों ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि तेंदुए का शिकार कहां किया गया और खाल उन्हें कहां से प्राप्त हुई। इस बिंदु पर वन विभाग गहन जांच कर रहा है।
वन विभाग की इस कार्रवाई को वन्यजीव तस्करी के संगठित नेटवर्क पर करारा प्रहार माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी जांच की जा रही है और आगे और गिरफ्तारियां संभव हैं।