October 16, 2020

अधिसूचित फलों और सब्जियों को किसान रेल माल परिवहन में 50% की सब्सिडी दी गई

नई दिल्ली : किसान रेल सेवाओं का उपयोग करते हुए किसानों को और मदद तथा प्रोत्‍साहन देने के लिए रेल मंत्रालय और खाद्य प्रसंस्‍करण उद्योग मंत्रालय ने अधिसूचित फलों और सब्जियों (खाद्य प्रसंस्‍करण उद्योग मंत्रालय की ऑपरेशन ग्रीन्स – ‘टॉप टू टोटल’ योजना के तहत) की ढुलाई में 50 प्रतिशत सब्सिडी देने का निर्णय लिया है। यह सब्सिडी सीधे किसान रेल को प्रदान की जाएगी। इसके लिए खाद्य एवं प्रसंस्‍करण उद्योग मंत्रालय, रेल मंत्रालय को आवश्‍यक धन उपलब्‍ध कराएगा।

यह सब्सिडी किसान रेल गाडि़यों में 14.10.2020 से लागू हो गई है।

इस सब्सिडी के तहत पात्र वस्तुएं इस प्रकार हैं:-

फल– आम, केला, अमरूद, कीवी, लीची, पपीता, मौसम्बी, संतरा, किन्‍नू, लाइम, नींबू, अनानास, अनार, कटहल, सेब, बादाम, आंवला और नाशपाती आदि;

सब्जियां – फ्रेंच बीन्स, करेला, बैंगन, शिमला मिर्च, गाजर, फूलगोभी, हरी मिर्च, ओकरा, ककड़ी, मटर, लहसुन, प्याज, आलू और टमाटर।

भविष्‍य में कृषि मंत्रालय या राज्य सरकार की सिफारिशों के आधार पर किसी अन्य फल/सब्जी को इस सूची में शामिल किया जा सकता है।

किसान रेल त्‍वरित परिवहन द्वारा तेजी से देश के एक कोने से दूसरे कोने तक कृषि उत्‍पादों की पहुंच सुनिश्चित करती है, जिससे किसान और उपभोक्‍ता दोनों को लाभ पहुंच रहा है। किसान रेल छोटे किसानों और छोटे व्‍यापारियों की जरूरतों को पूरा कर रही है और न केवल यह परिवर्तनकारी सिद्ध हो रही है, बल्कि यह जीवन परिवर्तक भी बन गई है। यह किसानों की आय को बढ़ाने के प्रयास को पूरा कर रही है।

किसान रेल निश्चित रूप से किसानों के जीवन में बदलाव ला रही है। यह किसानों को बेहतर मूल्‍य के आश्‍वासन के साथ बहुत त्‍वरित और सस्‍ता परिवहन, सहज आपूर्ति श्रृंखला उपलब्‍ध करा रही है और जल्‍दी खराब होने वाले कृषि उत्‍पादों को नष्‍ट होने से बचा रही है। जिससे किसानों की आय बढ़ाने की संभावना में बढ़ोतरी हो रही है।

किसान रेल की स्थिति:

पहली किसान रेल, देवलाली (नासिक, महाराष्ट्र) से दानापुर (पटना, बिहार) के बीच चली। इस रेल का उद्घाटन 07.08.2020 किया गया था। यह एक साप्ताहिक ट्रेन है। इसके बाद लोकप्रिय मांग के आधार पर इस ट्रेन को मुजफ्फरपुर (बिहार) तक बढ़ा दिया गया और इसका संचालन सप्ताह में दो बार कर दिया गया। इसके अलावा, सांगला और पुणे से इसमें लिंक कोच भी शुरू कर किए गए हैं जो किसान रेल में मनमाड से जुड़ते हैं।

दूसरी किसान रेल – अनंतपुर (आंध्र प्रदेश) से आदर्श नगर दिल्ली तक चलती है। इसका उद्घाटन 09.09.2020 को किया गया था। यह एक साप्ताहिक ट्रेन है।

तीसरी किसान रेल – बेंगलुरु (कर्नाटक) से हजरत निजामुद्दीन (दिल्ली) के बीच चलती है। इसका उद्घाटन 09.09.2020 को साप्ताहिक ट्रेन के रूप में किया गया।

चौथा किसान रेल – नागपुर और वारुद ऑरेंज सिटी (महाराष्ट्र) से आदर्श नगर दिल्ली तक चलेगी। इसका उद्घाटन 14.10.2020 को किया गया है।

उल्लेखनीय है कि भारतीय रेल अपनी मालगाड़ियों के माध्यम से कृषि उत्पादों की ढुलाई के लिए लगातार प्रयास कर रही है। यहां तक कि लॉकडाउन के दौरान भी भारतीय रेल की मालगाड़ियां आवश्यक वस्तुओं की लगातार आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए चल रही हैं ताकि देश के किसी भी हिस्से के सामने कोई कठिनाई न आए। गेहूं, दाल, फल, सब्जियों जैसी फसलों की लोडिंग में अधिक रैकों के कारण काफी सुधार हुआ है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *