कांग्रेसी झूठे नैरेटिव सेट कर अराजकता फैलाने की कोशिश कर रही है: अनुराग सिंहदेव

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने त्वरित निर्णय लेते हुए 66 कब्जाधारियों को आवास उपलब्ध कराया, नवा रायपुर के सेक्टर-30 में 1200 परिवार पहले से निवासरत, सभी आवश्यक सुविधाएं मौजूद
कांग्रेस विधायक नकटी में मकान नहीं बनाने संबंधी पत्र भूपेश बघेल और मोहम्मद अकबर को लिखें, प्रस्ताव उन्हीं की सरकार का था
विधायक आवास के लिए भूमि का चयन विधानसभा अध्यक्ष, मुख्यमंत्री, नेता प्रतिपक्ष सहित समिति करती है
नकटी की भूमि अब भी राजस्व विभाग के अधीन, अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई प्रशासन के अभियान का हिस्सा
एक-एक व्यक्ति द्वारा 29-29 हजार वर्गफुट भूमि पर कब्जा सामान्य नहीं, यह संगठित अतिक्रमण है
झूठा विमर्श खड़ा कर जनता की भावनाएं भड़काने और अराजकता फैलाने का प्रयास कर रही कांग्रेस
छत्तीसगढ़ की जनता को नकारात्मक राजनीति पसंद नहीं, षड्यंत्रकारियों पर कड़ी कार्रवाई हो
रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष अनुराग सिंहदेव ने कहा कि नकटी ग्राम में हटाए गए अतिक्रमण का वास्तविक तथ्य सामने आने के बाद पूरे मामले का सच स्पष्ट हो गया है और इस प्रकरण को लेकर फैलाई जा रही अफवाहों की भी पोल खुल गई है। भाजपा कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि पूरे नकटी गांव को उजाड़ देने का जो प्रचार किया जा रहा है, वह पूरी तरह भ्रामक है।
उन्होंने बताया कि नकटी ग्राम की कुल आबादी 2110 है। गांव में 22.736 हेक्टेयर शासकीय भूमि, 24.175 हेक्टेयर निजी भूमि तथा अतिरिक्त चारागाह भूमि उपलब्ध है। वर्ष 2022 के पटवारी प्रतिवेदन में केवल तीन हेक्टेयर शासकीय भूमि पर अतिक्रमण दर्ज था, जहां कच्चे मकान और बाड़ियां थीं। इसके बाद वर्ष 2022-23 में बड़े पैमाने पर नया अतिक्रमण किया गया। तहसीलदार की नोटशीट और ऑनलाइन राजस्व रिकॉर्ड इसका प्रमाण हैं। इस संबंध में दायर याचिका पर हाईकोर्ट ने भी संबंधित भूमि को शासकीय एवं चारागाह भूमि माना था।
अनुराग सिंहदेव ने बताया कि अतिक्रमण करने वालों में दो लोगों ने 29 हजार वर्गफुट, पांच लोगों ने 17 हजार वर्गफुट तथा 20 लोगों ने 10 हजार वर्गफुट से अधिक भूमि पर कब्जा कर रखा था। कई स्थानों पर 50 लाख रुपये तक के पक्के मकान बने हुए थे। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति द्वारा इतनी बड़ी शासकीय भूमि पर कब्जा सामान्य घटना नहीं बल्कि संगठित अतिक्रमण का मामला है।
उन्होंने विधायक आवास के लिए भूमि खाली कराए जाने के आरोपों को भी निराधार बताया। उनके अनुसार एक सितंबर 2020 को तत्कालीन कांग्रेस सरकार के आवास एवं पर्यावरण विभाग ने इस भूमि को सामान्य आवासीय योजना के लिए देने का प्रस्ताव भेजा था। वर्तमान सरकार द्वारा भी केवल पत्राचार किया गया है, जबकि भूमि आज भी राजस्व विभाग के अधीन है। विधायक आवास के लिए भूमि चयन का अंतिम निर्णय विधानसभा अध्यक्ष, मुख्यमंत्री, नेता प्रतिपक्ष सहित समिति करती है। वर्तमान में इस संबंध में कोई स्वीकृत योजना नहीं है।
उन्होंने कहा कि विधायक आवास के नाम पर झूठा नैरेटिव तैयार कर कांग्रेस नेताओं ने जनता को गुमराह करने का प्रयास किया। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, पूर्व विधायक विकास उपाध्याय, टी.एस. सिंहदेव और दीपक बैज सहित कई नेताओं ने लोगों की भावनाएं भड़काईं। यहां तक कि आवास एवं पर्यावरण मंत्री के निवास में जबरन प्रवेश करने की भी कोशिश की गई। उन्होंने इसे लोकतांत्रिक मर्यादाओं के विरुद्ध और अराजक राजनीति को बढ़ावा देने वाला कदम बताया।
अनुराग सिंहदेव ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने तत्काल निर्णय लेते हुए 66 कब्जाधारियों को नवा रायपुर के सेक्टर-30 में स्थायी आवास उपलब्ध कराया है, जहां पहले से लगभग 1200 परिवार निवास कर रहे हैं और सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हैं। इन आवासों की रजिस्ट्री की प्रक्रिया भी की जाएगी। विस्थापित परिवारों को भोजन, नाश्ता सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। अधिकांश परिवार वहां स्थानांतरित हो चुके हैं, जबकि कुछ लोग भ्रामक प्रचार के कारण अभी नहीं गए हैं।
उन्होंने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल का उल्लेख करते हुए कहा कि सेरीखेड़ी में 152 परिवारों को बेघर किया गया था, जहां न तो पुनर्वास की व्यवस्था की गई और न ही भोजन-पानी जैसी मूलभूत सुविधाएं दी गईं। बाद में उसी भूमि पर विधायकों और सांसदों को मकान एवं भूखंड आवंटित किए गए। उन्होंने यह भी कहा कि नवा रायपुर के 27 गांवों के किसानों का 292 दिनों तक आंदोलन चला, लेकिन तत्कालीन सरकार ने उनकी मांगें नहीं मानी। आंदोलन के दौरान बरौदा गांव के सियाराम पटेल की मृत्यु हुई और 18 किसानों को जेल भेजा गया।
अनुराग सिंहदेव ने आरोप लगाया कि कांग्रेस लगातार झूठा प्रचार कर जनता की भावनाएं भड़का रही है और प्रदेश में अराजकता का माहौल बनाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता नकारात्मक राजनीति को स्वीकार नहीं करेगी तथा षड्यंत्रपूर्वक माहौल बिगाड़ने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।